राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग ने चेयरमैन सह प्रबंध निदेशक पॉवर कारपोरेशन को उपस्थित होने का दिया निर्देश



चंदौली (यूपी)

बिजली विभाग की लापरवाही से गांव में हाइटेंशन करंट दौड़ने से एक मासूम की मौत हो गई थी और दो लोग झुलस गए थे। पूरा मामला नौगढ़ तहसील के चकरघट्टा थाना क्षेत्र के कुबराडीह गांव का है। जून 2024 में गांव में करंट दौड़ने से अनिल शर्मा के बेटे तीन साल के अनुप्रीत की  दर्दनाक मौत हो गई थी। 


मामला प्रकाश में आने के बाद मानवाधिकार सी डब्लू ए के चेयरमैन योगेंद्र कुमार सिंह (योगी) ने प्रकरण की शिकायत आयोग भेजकर मृतक के परिवार एवं घायलों को उचित मुआवजा  दिलाने का अनुरोध किया था। साथ ही दोषी बिजली कर्मियों के ऊपर कठोरतम कार्रवाई करने का अनुरोध किया था।

आयोग ने दिनांक 24/1072024 की कार्रवाई के माध्यम से इसका संज्ञान लिया और उत्तर प्रदेश पॉवर कॉर्पोरेशन लिमिटेड के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक तथा पुलिस अधीक्षक चंदौली से रिपोर्ट मांगी थी।

आयोग ने  दिनांक 05/12/2025 की कार्रवाई के माध्यम से यह निर्देश दिया था कि यदि उत्तर प्रदेश पॉवर कॉर्पोरेशन लिमिटेड लखनऊ को सभी दस्तावेज प्राप्त हो गए हो तो उसके अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक मृतक के परिवार को मुआवजा जारी करने की दिशा में आगे बढ़े और उसके बाद स्थिति रिपोर्ट प्रस्तुत करे, और कोई दस्तावेज प्राप्त नहीं हुआ है तो उन्हें शीघ्रता से एकत्र किए जाने का प्रयास किए जाए। साथ ही मुआवजे के लिए घायल हुए अन्य दो व्यक्तियों के हक के बारेवमे भी जानकारी मांगी गई थी। 19/01/2026 की कार्रवाई के जरिए एक रिमाइंडर जारी किया गया था। इसके बावजूद मांगी गई रिपोर्ट अभी तक जमा नहीं की गई है। 

अधिकारियों की लापरवाही पर आयोग ने सख्त कदम उठाते हुए चेयरमैन सह प्रबंध निदेशक को समन जारी कर दिनांक 17/04/2026  को सुबह 11 बजे मांगी गई रिपोर्ट के साथ आयोग के सामने व्यक्तिगत रूप से पेश होने का निर्देश दिया है। आगे आयोग ने कहा ही कि यदि रिपोर्ट16/04/ 2026 को या उससे पहले मिल जाती है तो उक्त अधिकारी की व्यक्ति गत उपस्थिति की आवश्यकता नहीं होगी।